@laravelPWA
नमाज.की अज़मत
फज़ीलतो का समन्दर बतूल हैं
मौत की आग़ोश में जब थक के सो जाती है माँ
दिलासा हुसैन है।
इस्लाम का मक़सद अल्लामा इक़बाल के कलम से
इस्लाम की अज़मत
हक़ निभाना मेरे हुसैन का है,
नौहा
सलाम
नमाज़